Urjit Patel Biography In Hindi उर्जित पटेल की जीवनी

RBI Governor Urjit Patel Biography In Hindi

उर्जित पटेल की जीवनी

उर्जित पटेल भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) के 24वां गवर्नर (Governor) हैं। वह पूर्व गवर्नर रघुराम राजन का स्थान लिए। इससे पहले वे भारतीय रिज़र्व बैंक के उप-गवर्नर थे। उनपर मुद्रास्फीति को काबू में रखने की जिम्मेवारी थी। बैंकिग सेक्टर के रिफार्म के लिए भी उन्होंने काम किया है। उन्होने वित्त मंत्रालय में 1998 से 2001 तक आर्थिक सलाहकार के रूप में भी काम किया है। उर्जित आइएमएफ में यूएसए, भारत, बहामास, म्यांमार डेस्क से जुड़े रहे। उन्हे भारत लाने का श्रेय पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को जाता और उन्होने कहा था कि उर्जित देश के लिए जरुरी है। उर्जित को हिन्दी नहीं आती थी लेकिन भारत आकर उन्होंने हिंदी अच्छी तरीका से सीख ली।


Urjit Ravindra Patel (53) will take up as New RBI Governor from 4th September 2016 becoming the 24th person to take the seat. Raghuram Rajan his successor has been most appreciated for controlling inflation.

Urjit was not an Indian. He was born in Kenya in the year 1963 on October 28. His place of birth and his Kenya citizenship was most discussed and thought that would obstruct his promotion. But his expertise has left all the other reasons behind.


पृष्टभूमि – Early Life :

उर्जित पटेल का जन्म 28 अक्टूबर 1963 को केन्या मे हुआ था। उनका पैतृक गांव गुजरात में है। गुजरात के खेड़ा जिले के पालना गांव में इनके पूर्वजों का घर है। रिजर्व बैंक के पूर्व गर्वनर आईजी पटेल भी इसी इलाके से आते थे। उर्जित पटेल ने लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स (1984) से ग्रेजुएट किया है। उन्होंने ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी (1986) से एमफिल व येल यूनिवर्सिटी (1990) से पीएच डी की डिग्री हासिल की है।

उर्जित वैष्णव धर्म के अनुयायी हैं। उनकी कुलदेवी कालका माता है। वे लेऊवा पटेल हैं और मूल कठलाल के पास स्थित छीपड़ी के पाटीदार हैं।

कॅरियर :-

आरबीआई में डिप्टी गवर्नर नियुक्त होने से पहले पटेल दि बोस्टन कंसल्टिंग ग्रुप में सलाहकार (ऊर्जा एवं बुनियादी ढांचा) थे। पटेल ने 1990 से 1995 के बीच अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) में अमेरिका, भारत, बहमास और म्यांमार डेस्क पर काम किया। वह 1996-1997 तक आईएमएफ से रिजर्व बैंक में प्रतिनियुक्त पर रहे. इस दौरान उन्होंने ऋण बाजार के विकास, बैंकिंग क्षेत्र के सुधार, पेंशन कोष सुधार, वास्तविक विनिमय दर लक्ष्य और विदेशी मुद्रा विनिमय बाजार के विकास पर सलाह दी।

इसके अलावा वह रिलायंस इंडस्ट्री में अध्यक्ष (कारोबार विकास), आईडीएफसी में कार्यकारी निदेशक एवं प्रबंधकीय समिति के सदस्य, एकीकृत ऊर्जा नीति समिति के सदस्य और गुजरात राज्य पेट्रोलियम निगम लिमिटेड में निदेशक मंडल के सदस्य भी रहे हैं।


Comments